रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्यहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। इनमें मादक पदार्थों की रोकथाम, पुलिस व्यवस्था को सुदृढ़ करने, विमानन प्रशिक्षण, स्टार्टअप प्रोत्साहन, नगरीय सुविधाओं के विस्तार और डिजिटल अवसंरचना को मजबूत करने से जुड़े फैसले शामिल हैं।
बैठक में मादक पदार्थों की रोकथाम के लिए बड़ा निर्णय लेते हुए प्रदेश के 10 जिलों में जिला स्तरीय एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के गठन हेतु वित्तीय वर्ष 2025-26 के मुख्य बजट में प्रावधानित 100 नए पदों को स्वीकृति दी गई। इनमें रायपुर महासमुंद बिलासपुर दुर्ग बस्तर सरगुजा कबीरधाम जशपुर राजनांदगांव और कोरबा जिले शामिल हैं।
मंत्रिपरिषद ने पुलिस मुख्यालय की विशेष शाखा के अंतर्गत स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप के गठन के लिए 44 नए पदों को भी मंजूरी दी। यह इकाई किसी भी बड़ी या अचानक घटित घटना, आतंकी हमले या गंभीर खतरे की स्थिति में त्वरित कार्रवाई करेगी।
विमानन क्षेत्र में बढ़ती मांग को देखते हुए राज्य के विभिन्न एयरपोर्ट और हवाई पट्टियों पर फ्लाइट ट्रेनिंग ऑर्गनाइजेशन एफटीओ की स्थापना के निर्णय के साथ इसके संचालन संबंधी दिशा-निर्देशों को भी अनुमोदन दिया गया। निजी सहभागिता से स्थापित होने वाला यह संस्थान पायलट प्रशिक्षण के साथ-साथ एयरक्राफ्ट रिसाइक्लिंग हेलीकॉप्टर बंकिंग और एयरो स्पोर्ट्स जैसी गतिविधियों को बढ़ावा देगा, जिससे युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित होंगे।

कैबिनेट ने छत्तीसगढ़ नवाचार एवं स्टार्टअप प्रोत्साहन नीति 2025-26 को भी मंजूरी दी। इस नीति से राज्य में स्टार्टअप ईकोसिस्टम, इन्क्यूबेटर्स और अन्य हितधारकों का विकास होगा तथा स्टेट स्टार्टअप रैंकिंग में सुधार के साथ निवेश आकर्षण बढ़ेगा।
बैठक में छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल और रायपुर विकास प्राधिकरण द्वारा निर्मित और पूर्ण हो चुकी 35 आवासीय कॉलोनियों को नगर निगमों और नगर पालिकाओं को सौंपने का निर्णय लिया गया। इससे इन कॉलोनियों में रहने वाले लोगों को पानी, बिजली, सड़क और सफाई जैसी मूलभूत सुविधाएं नगरीय निकायों द्वारा मिल सकेंगी और दोहरे रखरखाव शुल्क से राहत मिलेगी।
नवा रायपुर अटल नगर में शासकीय विभागों और निगम-मंडलों के कार्यालयों के लिए एक वृहद बहुमंजिला भवन के निर्माण का भी निर्णय लिया गया, जिससे भूमि का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित किया जा सकेगा।
सिरपुर और अरपा क्षेत्र के सुनियोजित विकास को गति देने के लिए संबंधित क्षेत्रों में शासकीय भूमि आबंटन का अधिकार संबंधित जिला कलेक्टरों को प्रदान किया गया है। दोनों विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरणों के अंतर्गत भूमि आबंटन एक रुपये प्रीमियम एवं भू-भाटक पर किया जाएगा।
मंत्रिपरिषद ने राज्य में छत्तीसगढ़ क्लाउड फर्स्ट नीति को लागू करने की स्वीकृति दी। इसके तहत सभी शासकीय विभाग और संस्थाएं भारत सरकार द्वारा अनुमोदित क्लाउड सेवा प्रदाताओं से ही सेवाएं लेंगी। इससे आईटी लागत में कमी, बेहतर साइबर सुरक्षा, आपदा के समय सेवाओं की निरंतरता और नागरिक सेवाओं की 24×7 उपलब्धता सुनिश्चित होगी।
डिजिटल कनेक्टिविटी के विस्तार के लिए मोबाइल टावर योजना को भी मंजूरी दी गई। इस योजना के तहत मोबाइल नेटवर्क विहीन और वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों में टावर स्थापित किए जाएंगे, जिससे ई-गवर्नेंस, सुरक्षा व्यवस्था और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
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