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September 11, 2026 7:44 pm

हिंदी विश्वविद्यालय में खेल और सृजन का संगम: अंतर विद्यापीठ खेल महोत्सव का शानदार आगाज

कुलगुरु प्रो. कुमुद शर्मा ने बैडमिंटन प्रतियोगिता का किया उद्घाटन, 60 मुकाबलों में खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम

CBN36 वर्धा। महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय में खेल और रचनात्मक गतिविधियों का उत्साह देखने को मिला। विश्वविद्यालय में ‘अंतर विद्यापीठ खेल महोत्सव-2026’ का शानदार आगाज हुआ। कुलगुरु प्रो. कुमुद शर्मा ने बैडमिंटन प्रतियोगिता का उद्घाटन किया। पांच श्रेणियों में हुए 60 मुकाबलों में विभिन्न विद्यापीठों के खिलाड़ियों ने अपने खेल कौशल का प्रदर्शन किया। वहीं, कुलगुरु ने प्रयागराज क्षेत्रीय केंद्र में नवागंतुक विद्यार्थियों से संवाद कर उन्हें सम्यक दृष्टि के साथ ज्ञान और व्यक्तित्व के विकास का संदेश दिया।

खेल महोत्सव के उद्घाटन समारोह में कुलसचिव कादर नवाज खान, परीक्षा नियंत्रक डॉ. सुरेंद्र गादेवार और शारीरिक शिक्षा एवं क्रीड़ा विभाग के अध्यक्ष प्रो. फरहद मलिक समेत शिक्षक, विद्यार्थी और शोधार्थी मौजूद रहे। शारीरिक शिक्षा एवं क्रीड़ा विभाग के पदेन सचिव डॉ. निशीथ राय के मार्गदर्शन में संयोजक डॉ. हिमांशु शेखर और डॉ. प्रियंका मिश्रा ने प्रतियोगिता की रूपरेखा तैयार की।

पांच श्रेणियों में 60 मुकाबले

बैडमिंटन प्रतियोगिता पुरुष एकल, पुरुष युगल, महिला एकल, महिला युगल और मिश्रित युगल श्रेणियों में आयोजित हुई। शुरुआती नॉकआउट दौर से लेकर फाइनल तक खिलाड़ियों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला।

पुरुष एकल में अनुज कुमार गौतम प्रथम, पवन कुमार केवट द्वितीय और अमित कुमार चौहान तृतीय रहे। महिला एकल में कौरवकी जमधाड़े ने पहला, गोदक यानियम ने दूसरा और अंशु साईबा ने तीसरा स्थान हासिल किया।

पुरुष युगल में पवन कुमार केवट-अभिषेक देहेरी की जोड़ी प्रथम, मोहित सिंह-सूरज कुमार शर्मा द्वितीय और देवेन्द्र वर्मा-प्रभात कुमार तृतीय रहे। महिला युगल में गोदक यानियम-सिरिनभा तित्पन प्रथम, दिव्या कुमारी राम-कौरवकी जमधाड़े द्वितीय तथा प्रज्ञा गोस्वामी-अंशु साईबा तृतीय रहीं।

मिश्रित युगल में अनुज कुमार गौतम-बिलकिस बानो प्रथम, विश्वास सिंह-गोदक यानियम द्वितीय और अभिषेक देहेरी-प्रज्ञा गोस्वामी तृतीय रहे।

जीत से बढ़कर खेल भावना

प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों में जीत के लिए जोरदार संघर्ष रहा, लेकिन खेल भावना की मिसाल भी देखने को मिली। प्रफुल शंकर बोरकर को उत्कृष्ट आचरण और खेल भावना के लिए ‘सर्वश्रेष्ठ खेल भावना’ का विशेष सम्मान दिया गया।

प्रतियोगिता के सुचारु संचालन में रेफरी अक्षद माधव नागरगोजे और सत्यम अधिकारी तथा खेल विभाग के कर्मचारी सचिन नाखले, भूषण सालवे, प्रफुल और साहिल का योगदान रहा।

नवागंतुक विद्यार्थियों से बोलीं कुलगुरुसम्यक दृष्टि से करें विकास

इधर, प्रयागराज स्थित विश्वविद्यालय के क्षेत्रीय केंद्र में कुलगुरु प्रो. कुमुद शर्मा ने नवागंतुक विद्यार्थियों से संवाद किया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को सम्यक दृष्टि का विकास करते हुए अपने ज्ञान, विचार और व्यक्तित्व को व्यापक बनाना चाहिए।

क्षेत्रीय केंद्र के अकादमिक निदेशक प्रो. अखिलेश कुमार दुबे ने पुष्पगुच्छ और अंगवस्त्र भेंटकर कुलगुरु का स्वागत किया। इस दौरान कुलगुरु ने ‘सृजन भित्ति पत्रिका’ के हिंदी दिवस विशेषांक का लोकार्पण किया। विशेषांक में जनसंचार माध्यमों में हिंदी की बढ़ती भूमिका और भाषायी तकनीक के विकास को प्रमुखता दी गई है।

प्रो. शर्मा ने पत्रिका की सराहना करते हुए कहा कि प्रयागराज जैसे ऐतिहासिक, साहित्यिक और सांस्कृतिक शहर में स्थित क्षेत्रीय केंद्र विद्यार्थियों के बौद्धिक विकास और शोध कार्य के लिए महत्वपूर्ण धुरी है।

‘प्रयाग दर्शन’ और ‘प्रयाग समय’ का लोकार्पण

कार्यक्रम में जनसंचार विभाग की छात्रा प्रज्ञा भारती द्वारा संपादित प्रायोगिक समाचार बुलेटिन ‘प्रयाग दर्शन’ और समाचार पत्रिका ‘प्रयाग समय’ का भी लोकार्पण किया गया।

इस अवसर पर डॉ. अवंतिका शुक्ला, डॉ. आशा मिश्रा, डॉ. अख्तर आलम, डॉ. हरप्रीत कौर, डॉ. मिथिलेश कुमार तिवारी, डॉ. यशार्थ मंजुल, डॉ. सत्यवीर, डॉ. विजया सिंह, डॉ. सुरभि विप्लव, डॉ. चन्द्र मणि, डॉ. अश्विनी कुमार सिंह समेत केंद्र के शिक्षक, विद्यार्थी और शोधार्थी उपस्थित रहे।

रवि शुक्ला
रवि शुक्ला

प्रधान संपादक

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