Explore

Search

January 26, 2026 2:51 am

नए वर्ष 2026 की पहली ट्रैप कार्रवाई: एसीबी ने एसडीएम कार्यालय के बाबू को 1 लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा

एक ही तारीख, रकम दोगुनी: एक साल पहले 50 हजार, इस साल 1 लाख लेते पकड़ा

बिलासपुर-रायगढ़।नए वर्ष 2026 की शुरुआत में ही भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो एसीबी ने छत्तीसगढ़ में बड़ी कार्रवाई करते हुए रायगढ़ जिले के धर्मजयगढ़ स्थित एसडीएम कार्यालय में पदस्थ बाबू को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह वर्ष 2026 में एसीबी की प्रदेश की पहली ट्रैप कार्रवाई बताई जा रही है।

एसीबी इकाई बिलासपुर के डीएसपी अजितेश सिंह ने बताया कि दिनांक 24 दिसंबर 2025 को ग्राम अमलीटिकरा, तहसील धर्मजयगढ़, जिला रायगढ़ निवासी राजू कुमार यादव ने एसीबी कार्यालय बिलासपुर में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता के अनुसार उसने ग्राम अमलीटिकरा में एक भूमि क्रय की थी, जिसकी रजिस्ट्री एवं नामांतरण उसके नाम पर हो चुका था। इसके बावजूद एसडीएम कार्यालय धर्मजयगढ़ में पदस्थ बाबू अनिल कुमार चेलक ने उसे बुलाकर जमीन की रजिस्ट्री को गलत बताते हुए उसके तथा विक्रेता के विरुद्ध शिकायत होने की बात कही।

डीएसपी सिंह के अनुसार 23 दिसंबर 2025 को मुलाकात के दौरान आरोपी बाबू द्वारा उक्त शिकायत को नस्तीबद्ध करने के बदले दो लाख रुपये की रिश्वत की मांग की गई। शिकायतकर्ता रिश्वत नहीं देना चाहता था और आरोपी को रंगे हाथ पकड़वाना चाहता था। शिकायत का सत्यापन कराने पर आरोप सही पाया गया। सत्यापन के दौरान आरोपी द्वारा पहली किस्त के रूप में एक लाख रुपये लेने की सहमति दी गई, जिसके बाद ट्रैप की योजना बनाई गई।

योजना के तहत 2 जनवरी 2026 को शिकायतकर्ता द्वारा एक लाख रुपये की व्यवस्था कर आरोपी के धर्मजयगढ़ स्थित शासकीय आवास पर भेजा गया। आरोपी अनिल कुमार चेलक ने रिश्वत की राशि हाथ में लेने के बाद संदेह होने पर आवास का दरवाजा बंद कर लिया। काफी प्रयासों के बाद एसीबी टीम द्वारा दरवाजा खुलवाया गया। पूछताछ के दौरान पहले आरोपी ने राशि के संबंध में कोई जानकारी नहीं दी, लेकिन सख्ती से पूछने पर उसने रिश्वत की रकम अपने आवास के पीछे दीवार के पास बैग में फेंकने की बात स्वीकार की। एसीबी कर्मियों ने आरोपी को राशि फेंकते हुए देखा भी था।

एसीबी टीम ने मौके से रिश्वत की राशि एक लाख रुपये बरामद कर ली है। आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 7 के तहत कार्रवाई की जा रही है।

डीएसपी अजितेश सिंह ने बताया कि एसीबी द्वारा भ्रष्ट अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है और आगे भी ऐसी कार्रवाइयां जारी रहेंगी। उल्लेखनीय है कि पिछले वर्ष भी 2 जनवरी 2025 को एसीबी इकाई बिलासपुर ने जिला जांजगीर में हथकरघा विभाग के निरीक्षक को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर वर्ष की पहली ट्रैप कार्रवाई की थी।

रवि शुक्ला
रवि शुक्ला

प्रधान संपादक

Advertisement Carousel
CRIME NEWS

BILASPUR NEWS