Explore

Search

July 14, 2026 1:09 pm

ढाई साल में आदिवासी विकास को नई रफ्तार, शिक्षा से लेकर वनाधिकार तक कई बड़े कदम: रामविचार नेताम

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने पिछले ढाई वर्षों में आदिवासी समाज के शैक्षणिक, सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक विकास के लिए कई महत्वपूर्ण पहलें की हैं। आदिम जाति विकास मंत्री रामविचार नेताम और विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने एक संयुक्त प्रेसवार्ता में विभाग की उपलब्धियों और आगामी योजनाओं की जानकारी दी।

मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरकार जनजातीय समाज को आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराने की दिशा में काम कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश की लगभग 30.62 प्रतिशत आबादी अनुसूचित जनजाति वर्ग की है और राज्य की 43 जनजातियों एवं उनके उपसमूहों के समग्र विकास के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं।

छात्रवृत्ति वितरण में सुधार

प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने बताया कि पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति वितरण व्यवस्था को पूरी तरह ऑनलाइन और डीबीटी आधारित बनाया गया है। वर्ष 2025-26 में 84,702 विद्यार्थियों के बैंक खातों में 94.57 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति सीधे हस्तांतरित की गई। राज्य में 2,817 आश्रम और छात्रावास संचालित हैं, जहां विद्यार्थियों को आवास एवं शिक्षा की सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।

एकलव्य विद्यालयों का राष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन

प्रदेश के 75 एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालयों में 27 हजार से अधिक विद्यार्थी अध्ययनरत हैं। इन विद्यालयों के विद्यार्थियों ने राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं में 55 स्वर्ण, 43 रजत और 64 कांस्य सहित कुल 162 पदक जीतकर छत्तीसगढ़ को देश में दूसरा स्थान दिलाया है।

प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए नई योजना

प्रेसवार्ता में बताया गया कि युवा करियर निर्माण योजना के तहत अब तक 164 आदिवासी युवाओं का चयन अखिल भारतीय एवं राज्य स्तरीय सेवाओं में हुआ है। आगामी वर्ष से इसे विस्तार देते हुए ‘सीजी-एसीई’ योजना शुरू की जाएगी। इसके अलावा प्रयास आवासीय विद्यालय, खेल परिसर और विशेष शिक्षण केंद्रों के माध्यम से भी विद्यार्थियों को सहायता दी जा रही है।

वनाधिकार और संस्कृति संरक्षण पर जोर

सरकार ने वनाधिकार अधिनियम के तहत 4.28 लाख से अधिक व्यक्तिगत वनाधिकार पट्टे और हजारों सामुदायिक वनाधिकार मान्यता पत्र वितरित किए हैं। वनाधिकार से जुड़े 19 हजार मामलों में से 16 हजार से अधिक का निराकरण किया जा चुका है। आदिवासी संस्कृति के संरक्षण के लिए देवगुड़ी निर्माण एवं मरम्मत योजना, जनजातीय गौरव दिवस और शहीद वीर नारायण सिंह लोक कला महोत्सव जैसे आयोजन भी किए जा रहे हैं।

पीएम-जनमन योजना में राष्ट्रीय सम्मान

विशेष पिछड़ी जनजातियों तक मूलभूत सुविधाएं पहुंचाने के लिए संचालित प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महाअभियान (पीएम-जनमन) के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया गया है।

बजट में 42 हजार करोड़ से अधिक का प्रावधान

विभाग ने बताया कि वर्ष 2026-27 के बजट में आदिम जाति विकास विभाग के लिए 2,136.26 करोड़ रुपये तथा जनजातीय उपयोजना के अंतर्गत 42,165.95 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। आगामी योजनाओं में कोरबा में नया खेल परिसर, बीजापुर में 500 सीट क्षमता वाला प्रयास आवासीय विद्यालय, नारायणपुर और सुकमा में एजुकेशन सिटी, नए छात्रावास एवं आश्रम भवनों का निर्माण तथा विद्यार्थियों के शैक्षणिक अध्ययन भ्रमण शामिल हैं।

प्रेसवार्ता में अंत्याव्यवसायी वित्त एवं विकास निगम के संचालक डॉ. जगदीश सोनकर, आदिम जाति विकास विभाग के आयुक्त राहुल वेंकट तथा टीआरटीआई की संचालक हीना अनिमेष नेताम भी उपस्थित रहीं।

रवि शुक्ला
रवि शुक्ला

प्रधान संपादक

Advertisement Carousel
CRIME NEWS

BILASPUR NEWS