
“एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि दुर्घटना जैसी संवेदनशील परिस्थितियों में नागरिकों से शांति और संयम बनाए रखें,राष्ट्रीय राजमार्ग या किसी सार्वजनिक मार्ग को अवरुद्ध कर कानून अपने हाथ में लेना दंडनीय अपराध ,भविष्य में ऐसे मामलों में कानून-व्यवस्था बाधित करने वालों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कर होगी कठोर कार्रवाई”
रायगढ़। सड़क दुर्घटना के बाद राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर करीब साढ़े पांच घंटे तक जाम लगाकर यातायात बाधित करने के मामले में पुसौर पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए प्रदर्शनकारियों के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। पुलिस ने बलवा, राजमार्ग अवरुद्ध करने, शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने, गाली-गलौज और धमकी देने के आरोप में भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार 29 जून को ग्राम कठली के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर एक अज्ञात वाहन की टक्कर से ग्राम टपरदा निवासी 40 वर्षीय शंकरध्वज निषाद की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने शव हटाने का विरोध करते हुए राजमार्ग पर बैठकर चक्काजाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर पत्थर और पेड़ों की डालियां रखकर भारी एवं हल्के वाहनों की आवाजाही पूरी तरह रोक दी।
पुलिस ने बताया कि जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस अधिकारियों द्वारा लगातार समझाइश देने के बावजूद प्रदर्शनकारी नहीं माने। इसके चलते राष्ट्रीय राजमार्ग-53 पर लगभग साढ़े पांच घंटे तक यातायात प्रभावित रहा। बाद में प्रशासन द्वारा नियमानुसार सहायता राशि उपलब्ध कराए जाने के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ और मार्ग से अवरोध हटाया गया। इसके बाद शव को वैधानिक कार्रवाई के लिए भेजा गया।

घटना के संबंध में थाना पुसौर में भारतीय न्याय संहिता की धारा 190, 191(2), 126(2), 296 और 351(2) के तहत अपराध दर्ज कर जांच की जा रही है।
इस मामले में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने कहा कि दुर्घटना जैसी संवेदनशील परिस्थितियों में नागरिकों से शांति और संयम बनाए रखने की अपेक्षा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राष्ट्रीय राजमार्ग या किसी सार्वजनिक मार्ग को अवरुद्ध कर कानून अपने हाथ में लेना दंडनीय अपराध है। भविष्य में ऐसे मामलों में कानून-व्यवस्था बाधित करने वालों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज कर कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
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