
पुलिस लाइन जांजगीर में साइबर जागरूकता कार्यक्रम, डिजिटल अरेस्ट और ऑनलाइन ठगी से बचाव के बताए तरीके
CBN36 जांजगीर। जिले में साइबर अपराधों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए पुलिस का अभियान लगातार जारी है। इसी कड़ी में गुरुवार को पुलिस लाइन जांजगीर में अग्निवीर भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। सुबह आठ बजे आयोजित कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय ने युवाओं को साइबर ठगी से बचाव के उपाय बताए।
एसपी ने युवाओं को डिजिटल अरेस्ट, ऑनलाइन ठगी और साइबर धोखाधड़ी के विभिन्न तरीकों की जानकारी देते हुए सतर्क रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी पुलिस अधिकारी या सरकारी एजेंसी की ओर से वीडियो कॉल पर डिजिटल अरेस्ट जैसी कार्रवाई नहीं की जाती। ऐसी स्थिति में घबराने के बजाय तत्काल पुलिस से संपर्क करना चाहिए।
अनजान लिंक और कॉल से रहें सावधान

कार्यक्रम में युवाओं को बताया गया कि अनजान व्यक्ति के कहने पर किसी खाते में रकम ट्रांसफर नहीं करनी चाहिए। बैंक खाते से जुड़ी जानकारी, ओटीपी, पिन, सीवीवी और पासवर्ड किसी के साथ साझा नहीं करना चाहिए। अनजान या संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से मोबाइल में मालवेयर इंस्टॉल होने और बैंक खाते से रकम निकालने का खतरा रहता है। सोशल मीडिया और अन्य ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते समय भी गोपनीयता और सुरक्षा का ध्यान रखने की सलाह दी गई।
पुलिस ने बताया कि साइबर ठगी का शिकार होने पर पीड़ित को देर किए बिना 1930 साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत करनी चाहिए, ताकि रकम की निकासी को रोकने के लिए तत्काल कार्रवाई की जा सके।
एसपी ने युवाओं का बढ़ाया उत्साह

साइबर सुरक्षा के साथ एसपी विजय पाण्डेय ने अग्निवीर भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं का उत्साह भी बढ़ाया। उन्होंने युवाओं से लक्ष्य निर्धारित कर नियमित मेहनत करने और शारीरिक व मानसिक रूप से मजबूत बनने की अपील की। उन्होंने संतुलित खानपान, नियमित व्यायाम और अनुशासित दिनचर्या को सफलता के लिए जरूरी बताया।
उन्होंने कहा कि अग्निवीर भर्ती में शारीरिक फिटनेस की महत्वपूर्ण भूमिका है। इसलिए युवाओं को नियमित दौड़, व्यायाम और अन्य शारीरिक गतिविधियों का अभ्यास करना चाहिए।
कार्यक्रम में एएसपी जांजगीर डॉ. यूलैंडन यार्क, सीएसपी जांजगीर योगिताबाली खापर्डे, रक्षित निरीक्षक प्रदीप कुमार जोशी सहित जिले के पुलिस अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
प्रधान संपादक




