भिलाई। भिलाई स्टील प्लांट (बीएसपी) से फ्लू डस्ट के परिवहन की आड़ में संगठित तरीके से लौह स्क्रैप चोरी करने के मामले में दुर्ग पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी बीएसपी के कर्मचारी हैं। इस कार्रवाई के बाद मामले में गिरफ्तार आरोपियों की संख्या बढ़कर 15 हो गई है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की तलाश और मामले की विवेचना जारी है।
पुलिस के अनुसार, 26 मई 2026 को मुखबिर की सूचना पर पुरानी भिलाई थाना पुलिस ने ग्राम अकलोरडीह खदानपारा स्थित ए.के. ट्रेडर्स और एचआईए हथखोज स्थित परिसर में छापेमारी की थी। जांच के दौरान हाईवा, ट्रक और अन्य वाहनों में फ्लू डस्ट के साथ लोहे की प्लेट, बीम और कटिंग सामग्री मिली थी। परिसर में बड़ी मात्रा में लौह स्क्रैप भी अलग-अलग स्थानों पर रखा हुआ था।
जांच में सामने आया कि आरोपियों ने पिछले चार-पांच महीनों से योजनाबद्ध तरीके से बीएसपी से निकलने वाले फ्लू डस्ट के परिवहन के दौरान लौह स्क्रैप चोरी कर उसे ए.के. ट्रेडर्स में एकत्रित किया। इसके बाद अवैध रूप से उसकी बिक्री कर आर्थिक लाभ कमाया जा रहा था।
पुलिस ने मौके से करीब 250 टन लौह प्लेट, बीम और अन्य लौह सामग्री जब्त की थी। इसके अलावा स्क्रैप के परिवहन और लोडिंग में इस्तेमाल किए जा रहे हाईवा, ट्रक, जेसीबी, हाईड्रा समेत अन्य मशीनें भी जब्त की गई थीं। जब्त संपत्ति की कुल कीमत करीब 3 करोड़ 22 लाख रुपये आंकी गई है, जिसमें लगभग 90 लाख रुपये मूल्य का लौह स्क्रैप शामिल है।
विवेचना के दौरान बीएसपी के दो कर्मचारियों हिमांशु भूषण मलिक (54) निवासी भिलाई और मनोज कुमार देवांगन (58) निवासी रिसाली की संलिप्तता सामने आने पर उन्हें गिरफ्तार किया गया। पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है और उनके खिलाफ भी जल्द कार्रवाई की जाएगी।
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से चोरी, अवैध कारोबार या किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को देने की अपील की है। पुलिस ने कहा है कि संगठित अपराध में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
प्रधान संपादक


