महिलाओं की बड़ी भागीदारी, सोमवार को होगा विशेष व्याख्यान
वर्धा, 8 मार्च। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय में रविवार को रेस वॉकिंग का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत आवासीय लेखिका डॉ. क्षमा कौल ने हरी झंडी दिखाकर की।
रेस वॉकिंग में विश्वविद्यालय की महिला कर्मचारियों और छात्राओं की उल्लेखनीय भागीदारी रही। इस अवसर पर विद्यार्थी कल्याण अधिष्ठाता प्रो. अवधेश कुमार, कुलानुशासक डॉ. राकेश मिश्र, डॉ. गौरी शर्मा, डॉ. मीरा निचले, डॉ. सीमा बर्गट, डॉ. सूर्य प्रकाश पांडे, डॉ. संदीप सपकाले, राजेश अरोरा, डॉ. शैलेश कदम, डॉ. देवेंद्र कुमार, बी.एस. मिरगे, डॉ. अमित विश्वास, डॉ. गिरीश पांडे, डॉ. प्रीति खोड़े, डॉ. तेजस्वी एच.आर., आंतरिक शिकायत समिति की सदस्य सचिव संगीता मालवीय, डॉ. अर्चना शर्मा सहित बड़ी संख्या में कर्मचारी और विद्यार्थी उपस्थित रहे।

रेस वॉकिंग की शुरुआत विश्वविद्यालय परिसर स्थित फादर कामिल बुल्के अंतरराष्ट्रीय छात्रावास से हुई और समापन छत्रपति शिवाजी महाराज प्रवेश द्वार के पास किया गया। इस अवसर पर डॉ. क्षमा कौल ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए महिला सशक्तीकरण और सामाजिक भागीदारी के महत्व पर प्रकाश डाला।
महिला दिवस के अवसर पर सोमवार, 9 मार्च को दोपहर 12 बजे विश्वविद्यालय के गालिब सभागार में ‘महिला सशक्तीकरण के विविध पहलू’ विषय पर विशेष व्याख्यान का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. कुमुद शर्मा करेंगी।

कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में दिल्ली विश्वविद्यालय के एनसीडब्ल्यूईबी की निदेशक प्रो. गीता भट्ट संबोधित करेंगी। वहीं विश्वविद्यालय की आंतरिक शिकायत समिति की अध्यक्ष डॉ. अनुपमा गुप्ता तथा आवासीय लेखिका डॉ. क्षमा कौल विशेष वक्ता के रूप में उपस्थित रहेंगी। विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से विद्यार्थियों और कर्मचारियों से कार्यक्रम में सहभागिता की अपील की गई है।
प्रधान संपादक


