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April 19, 2026 1:31 am

डिजिटल जनगणना 2027 को मिली रफ्तार, 13,937 नागरिकों ने पूरी की स्व-गणना प्रक्रिया,डॉ.कार्तिकेय गोयल ने की अपील

रायपुर, 18 अप्रैल 2026। छत्तीसगढ़ में प्रस्तावित जनगणना 2027 के तहत शुरू की गई डिजिटल स्व-गणना प्रक्रिया को नागरिकों का उत्साहजनक प्रतिसाद मिल रहा है। जनगणना संचालन निदेशालय से प्राप्त ताजा आंकड़ों के अनुसार अब तक 13,937 नागरिकों ने स्व-गणना की प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूर्ण कर ली है, जबकि 6,188 नागरिकों ने पंजीकरण कर प्रक्रिया प्रारंभ की है, लेकिन उसे अभी पूर्ण नहीं किया है। इस प्रकार कुल 20,125 नागरिक पोर्टल पर पंजीकृत हो चुके हैं।

यह अभियान भारत सरकार के रजिस्ट्रार जनरल एवं जनगणना आयुक्त के मार्गदर्शन में संचालित किया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार इसका उद्देश्य आगामी दशक के लिए सटीक सामाजिक-आर्थिक आंकड़े तैयार करना है, जिससे शासन की नीतियों और जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन को मजबूती मिल सके।

जनगणना 2027 में पहली बार नागरिकों को स्व-गणना का विकल्प प्रदान किया गया है, जिससे वे अपने परिवार की जानकारी स्वयं ऑनलाइन दर्ज कर सकते हैं। इससे प्रक्रिया में पारदर्शिता और सटीकता बढ़ने के साथ नागरिकों की सक्रिय भागीदारी भी सुनिश्चित हो रही है।

स्व-गणना की प्रक्रिया को सरल और सुरक्षित बनाया गया है। नागरिकों को मोबाइल नंबर के माध्यम से ओटीपी सत्यापन कर पोर्टल पर लॉगिन करना होता है। इसके बाद परिवार के मुखिया द्वारा आवास, पेयजल, ऊर्जा स्रोत सहित परिवार के सदस्यों के नाम, आयु, लिंग, वैवाहिक स्थिति, शिक्षा और व्यवसाय से संबंधित जानकारी दर्ज की जाती है। प्रक्रिया पूर्ण होने पर एक डिजिटल संदर्भ संख्या (सीआरएन) जारी होती है, जिसे सत्यापन के समय प्रगणकों को प्रस्तुत करना होगा।

राज्य के सभी 33 जिलों और 19,978 गांवों में इस अभियान को सफल बनाने के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। करीब 62,500 अधिकारियों और कर्मचारियों की टीम तैनात की गई है, जिसमें 51,300 प्रगणक और 9,000 पर्यवेक्षक शामिल हैं। नागरिकों की सहायता के लिए टोल-फ्री हेल्पलाइन 1855 भी सक्रिय है।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि जनगणना के दौरान एकत्रित सभी व्यक्तिगत जानकारी जनगणना अधिनियम, 1948 के तहत पूर्णतः गोपनीय रखी जाएगी और इसका उपयोग केवल सांख्यिकीय विश्लेषण व विकास योजनाओं के निर्माण के लिए किया जाएगा।

इसी क्रम में डॉ. कार्तिकेय गोयल, निदेशक, जनगणना संचालन, छत्तीसगढ़ ने प्रदेशवासियों से अपील की है कि वे इस डिजिटल पहल में बढ़-चढ़कर भाग लें और स्व-गणना की प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण करें। उन्होंने कहा कि नागरिकों की सक्रिय भागीदारी से ही यह अभियान सफल होगा और राज्य को सटीक व विश्वसनीय डेटा प्राप्त हो सकेगा।

प्रारंभिक आंकड़े संकेत दे रहे हैं कि छत्तीसगढ़ के नागरिक इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। आने वाले समय में स्व-गणना करने वाले नागरिकों की संख्या में और वृद्धि होने की संभावना जताई जा रही है।

रवि शुक्ला
रवि शुक्ला

प्रधान संपादक

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