CBN36 बिलासपुर। बेलतरा विधानसभा क्षेत्र में हजारों करोड़ रुपये के विकास कार्यों की स्वीकृति के दावों के बीच शहर की प्रमुख सड़कों की बदहाल स्थिति को लेकर सवाल उठने लगे हैं। मंगला चौक से दीनदयाल कॉलोनी, अशोक नगर से बिरकोना और चांटीडीह चौक से डीएलएस कॉलेज समेत कई प्रमुख मार्गों की हालत लोगों की परेशानी बढ़ा रही है। कांग्रेस नेता एवं पूर्व जिला पंचायत सभापति अंकित गौरहा ने सड़कों की स्थिति पर सवाल उठाते हुए विकास कार्यों को समयसीमा में पूरा करने की मांग की है।
जर्जर सड़कों से आवागमन में परेशानी
शहर के कई प्रमुख मार्गों पर गड्ढों और धूल के कारण वाहन चालकों तथा राहगीरों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। सेंदरी से मोपका बाईपास, राजकिशोर नगर चौक से छठ घाट और साइंस कॉलेज से सब्जी मंडी तक के मार्गों की स्थिति भी चर्चा में है। स्थानीय नागरिकों को इन रास्तों से गुजरने में परेशानी हो रही है। सड़क की बदहाल स्थिति से दुर्घटनाओं का खतरा भी बना हुआ है।
बड़े दावों के बावजूद सड़कों पर सुधार क्यों नहीं?
अंकित गौरहा ने कहा कि बेलतरा विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्यों की स्वीकृति और बड़े बजट की घोषणाएं की जा रही हैं, लेकिन शहर की प्रमुख सड़कों की स्थिति में अपेक्षित सुधार नजर नहीं आ रहा है। उन्होंने संबंधित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से सवाल किया कि आखिर स्वीकृत विकास कार्य धरातल पर कब दिखाई देंगे?
उन्होंने मांग की कि प्रत्येक सड़क के निर्माण और मरम्मत की वर्तमान स्थिति, कार्य पूरा होने की समयसीमा तथा स्थायी समाधान की जानकारी सार्वजनिक की जाए, ताकि लोगों को वास्तविक स्थिति का पता चल सके।
जनता को घोषणाएं नहीं, सुरक्षित सड़कें चाहिए
गौरहा ने कहा कि विकास की असली पहचान केवल स्वीकृति, भूमिपूजन और निरीक्षण तक सीमित नहीं होनी चाहिए। इसका वास्तविक लाभ तभी है, जब आम नागरिकों को बेहतर सड़कें, सुरक्षित आवागमन और रोजमर्रा की परेशानियों से राहत मिले।
उन्होंने संबंधित विभागों से सड़कों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निराकरण करने और समयबद्ध तरीके से काम पूरा करने की मांग की। अब देखना होगा कि विकास के दावों के बीच बेलतरा क्षेत्र की बदहाल सड़कों को राहत कब मिलती है और योजनाएं धरातल पर कब उतरती हैं।
प्रधान संपादक