
300 से अधिक पेंशनधारियों को डिजिटल फ्रॉड और जीवन प्रमाण-पत्र ठगी से बचाव की दी जानकारी
CBN36 मुंगेली। साइबर अपराधों से बचाव और आमजन को जागरूक करने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के निर्देशन में जिला मुंगेली पुलिस का साइबर जागृति अभियान लगातार जारी है। अभियान के तहत पुलिस टीम ने पेंशनधारियों के सम्मेलन से लेकर वनांचल क्षेत्र के साप्ताहिक बाजार तक पहुंचकर लोगों को साइबर ठगी से बचाव के उपाय बताए।
27 सितंबर को सतनाम भवन मुंगेली में आयोजित छत्तीसगढ़ पेंशनधारी कल्याण संघ (संभाग बिलासपुर) के सम्मेलन में 300 से अधिक पेंशनधारी शामिल हुए। इस दौरान सिटी कोतवाली थाना प्रभारी निरीक्षक कार्तिकेश्वर जांगड़े ने वरिष्ठ नागरिकों को डिजिटल अरेस्ट, पेंशन और केवाईसी अपडेट के नाम पर फर्जी लिंक, लॉटरी, अनजान वीडियो कॉल तथा जीवन प्रमाण-पत्र के नाम पर होने वाले बैंक फ्रॉड के तरीकों की जानकारी दी।
पेंशनधारियों को समझाइश दी गई कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ बैंक खाता विवरण, ओटीपी, आधार नंबर अथवा सीवीवी जैसी गोपनीय जानकारी साझा न करें।
इसी क्रम में वनांचल क्षेत्र ग्राम खुड़िया के साप्ताहिक बाजार में पुलिस टीम ने जनचौपाल लगाई। उप निरीक्षक सीमा, हर्षा वर्मा, सउनि मधुकर रात्रे और आरक्षक बबीता श्रीवास ने बाजार पहुंचे पर्यटकों, ग्रामीणों, महिलाओं और बच्चों को सोशल मीडिया फ्रॉड, फर्जी लोन एप और यूपीआई ठगी के प्रति जागरूक किया।
पुलिस ने बताया कि साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं। शुरुआती समय में शिकायत मिलने पर ठगी की रकम को संबंधित खाते में होल्ड कराने की कार्रवाई की जा सकती है।
एसएसपी भोजराम पटेल के निर्देशन में जिला पुलिस द्वारा साइबर अपराधों के प्रति आमजन को जागरूक करने के लिए शिक्षण संस्थानों, हाट-बाजारों, सार्वजनिक स्थलों और वित्तीय संस्थानों में अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस का यह अभियान समाज के अंतिम छोर तक पहुंचकर लोगों को साइबर अपराधों से बचाव के प्रति जागरूक और सशक्त बनाने के उद्देश्य से आगे भी जारी रहेगा।
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