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October 17, 2026 9:05 pm

दशरंगपुर में तीन लोगों की मौत के मामले में चार आरोपी गिरफ्तार, ओडिशा बॉर्डर से पकड़े गए

तेज रफ्तार महिंद्रा वाहन से सड़क किनारे खड़े तीन लोगों को मारी थी टक्कर, साक्ष्य मिटाने और वाहन की पहचान छिपाने का भी आरोप

CBN36 मुंगेली। जिले के जरहागांव थाना क्षेत्र के ग्राम दशरंगपुर में तेज रफ्तार महिंद्रा वाहन की टक्कर से तीन लोगों की मौत के मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों को रायगढ़ जिले में ओडिशा बॉर्डर के पास से पकड़ा गया। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त महिंद्रा वाहन को भी जब्त कर लिया है। सभी आरोपियों को 17 अक्टूबर को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।

पुलिस के अनुसार, घटना 15 अक्टूबर 2026 की सुबह करीब 6 से 6:15 बजे के बीच ग्राम दशरंगपुर के मुख्य मार्ग पर हुई थी। सफेद रंग के महिंद्रा वाहन क्रमांक WB 25 Z 5623 के चालक ने कथित तौर पर तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाते हुए सड़क किनारे खड़े तीन लोगों को टक्कर मार दी। हादसे में अधीनदास मोहले (65), बल्लू बघेल (56), दोनों निवासी दशरंगपुर, और गंगाराम टंडन निवासी भाठापारा (रेहूँटा), मुंगेली की मौत हो गई। घटना के बाद चालक वाहन समेत फरार हो गया था।

विपरीत दिशा में वाहन चलाने का आरोप

मामले की जांच के दौरान पुलिस ने मृतकों के परिजनों और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज किए। घटनास्थल की जांच और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस को पता चला कि वाहन चालक ने कथित तौर पर जानबूझकर खतरनाक तरीके से विपरीत दिशा में वाहन चलाया था। आरोप है कि वाहन में सवार अन्य तीन साथियों ने भी चालक को तेज गति से वाहन चलाने के लिए कहा था।

मर्ग जांच के बाद जरहागांव थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 105 और मोटर वाहन अधिनियम की धारा 184 के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की। बाद में साक्ष्य मिटाने और पहचान छिपाने के आरोप में बीएनएस की धारा 238(क) और 3(5) भी जोड़ी गई।

रायगढ़-ओडिशा बॉर्डर से हुई गिरफ्तारी

मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के निर्देश पर आरोपियों की तलाश शुरू की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नवनीत कौर छाबड़ा और एसडीओपी आशीष अरोरा के मार्गदर्शन में जरहागांव पुलिस तथा मुंगेली साइबर टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पतासाजी की। पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी रायगढ़ से ओडिशा और पश्चिम बंगाल की ओर भाग रहे हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने रायगढ़ साइबर टीम की मदद से ओडिशा बॉर्डर के पास वाहन को रोककर चालक सहित चारों आरोपियों को हिरासत में लिया।

पूछताछ में आरोपियों ने कथित तौर पर बताया कि वे 14 अक्टूबर को बकरी खरीदने के लिए मुंगेली आ रहे थे। 15 अक्टूबर की सुबह दशरंगपुर पहुंचने पर नबजीत दास वाहन चला रहा था, जबकि अनंता विश्वास, कानु विश्वास और सौरव मल्लिक वाहन में सवार थे। पुलिस के अनुसार, हादसे के बाद आरोपियों ने वाहन पर लगे खून के निशान साफ करने और पहचान छिपाने के उद्देश्य से वाहन के बोनट को तोड़कर फेंक दिया था।

पश्चिम बंगाल के रहने वाले हैं आरोपी

पुलिस ने इस मामले में नबजीत दास (24), अनंता विश्वास (31), कानु विश्वास (57) और सौरव मल्लिक (30) को गिरफ्तार किया है। चारों आरोपी पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के निवासी बताए गए हैं। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त महिंद्रा वाहन जब्त कर आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए हैं।

कार्रवाई में थाना प्रभारी जरहागांव दिव्यकांत पाण्डेय, उपनिरीक्षक एवं साइबर सेल प्रभारी सत्येन्द्र पुरी गोस्वामी, प्रधान आरक्षक देव डिन्डोरे, आरक्षक अतुल सिंह, राहुल यादव, प्रवीण मिश्रा तथा रायगढ़ साइबर टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

रवि शुक्ला
रवि शुक्ला

प्रधान संपादक

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