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September 6, 2026 11:09 pm

मुख्यमंत्री की मौजूदगी में बहतराई स्टेडियम में गूंजा तीजा तिहार का उल्लास

CBN36 बिलासपुर। बहतराई स्टेडियम रविवार को छत्तीसगढ़ी संस्कृति और तीजा तिहार के रंग में रंगा नजर आया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मौजूदगी में आयोजित भव्य तीजा मिलन समारोह में बड़ी संख्या में महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में पहुंचीं। गीत-संगीत, झूले, मेहंदी और पारंपरिक व्यंजनों के बीच महिलाओं और बच्चों ने जमकर उत्सव का आनंद लिया। मुख्यमंत्री ने तीजा को आस्था, प्रेम और पारिवारिक खुशहाली का महापर्व बताया।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की संस्कृति और परंपराओं में तीजा का विशेष स्थान है। माताएं और बहनें पति की दीर्घायु तथा परिवार की सुख-समृद्धि की कामना के साथ श्रद्धापूर्वक व्रत रखती हैं। सनातन संस्कृति में नारी को सदैव सम्मान का स्थान दिया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और सशक्तीकरण के लिए लगातार काम किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में 68 लाख से अधिक महिलाओं को महतारी वंदन योजना की अब तक 31 किश्तों का भुगतान किया जा चुका है। प्रदेश की 13 लाख 85 हजार से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं। ड्रोन दीदियां आधुनिक तकनीक से जुड़कर प्रतिदिन छह से सात हजार रुपये तक की आय अर्जित कर रही हैं। महिलाओं को उद्योगों से जोड़ने के लिए भी उन्हें प्राथमिकता दी जा रही है और 50 प्रतिशत तक सब्सिडी का प्रावधान किया गया है।

चोरहादेवरी अब रामदेवरी के नाम से जाना जाएगा

समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने बिल्हा विकासखंड के चोरहादेवरी गांव का नाम बदलकर रामदेवरी किए जाने की घोषणा की। इसके साथ ही माघी पूर्णिमा पर आयोजित होने वाले बेलतरा महोत्सव के लिए 30 लाख रुपये देने की घोषणा की। दोनों घोषणाओं का कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने उत्साह के साथ स्वागत किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि विकास की सुविधाएं गांव और घर के नजदीक पहुंचें। वर्ष 2047 तक विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण के संकल्प के साथ प्रदेश की खनिज और वन संपदा का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।

संस्कृति और परंपरा से जुड़ा पर्व है तीजा

उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि तीजा छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति और परंपरा से जुड़ा महत्वपूर्ण पर्व है। यह माताओं और बहनों की आस्था, प्रेम और पारिवारिक समर्पण का प्रतीक है। उन्होंने कमल सखी परिवार के आयोजन को संस्कृति और परंपराओं को सहेजने वाला बताया।

महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि तीजा तिहार छत्तीसगढ़ की संस्कृति, परंपरा और आस्था का प्रतीक है। सरकार महिलाओं के सम्मान, सशक्तीकरण और सर्वांगीण विकास के लिए लगातार काम कर रही है।

बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला ने कहा कि तीजा छत्तीसगढ़ की माटी और संस्कृति से जुड़ा पर्व है। इसमें महिलाओं की आस्था, त्याग और पारिवारिक प्रेम की झलक दिखाई देती है। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी परंपराओं से जोड़ने का काम करते हैं।

झूले और मेहंदी बने आकर्षण

बहतराई स्टेडियम में महिलाओं के लिए झूले, मेहंदी और विभिन्न मनोरंजक गतिविधियों की व्यवस्था की गई थी। भोजन और उपहार की भी विशेष व्यवस्था रही। बच्चों ने भी आयोजन में विभिन्न गतिविधियों का आनंद लिया। गीत-संगीत, पारंपरिक वेशभूषा और उत्सवी माहौल के बीच पूरा स्टेडियम छत्तीसगढ़ी संस्कृति के रंग में सराबोर नजर आया।

कार्यक्रम में विधायक अमर अग्रवाल, धरमलाल कौशिक, सुशांत शुक्ला, भावना बोहरा, छत्तीसगढ़ पाठ्यपुस्तक निगम के अध्यक्ष राजा पांडे, महापौर पूजा विधानी, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी समेत बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और नागरिक मौजूद रहे। संभागायुक्त सुनील जैन, कलेक्टर संजय अग्रवाल, एसएसपी रजनेश सिंह, नगर निगम कमिश्नर प्रकाश कुमार सर्वे और जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल भी उपस्थित रहे।

रवि शुक्ला
रवि शुक्ला

प्रधान संपादक

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