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June 10, 2026 6:36 pm

सुकमा के आदिवासी किसान पुत्र ने JEE एडवांस में लहराया परचम, IIT की पढ़ाई का पूरा खर्च उठाएगा जिला प्रशासन

सुकमा। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित और अति वनांचल जिले सुकमा के एक आदिवासी छात्र ने अपनी प्रतिभा और मेहनत के दम पर राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी उपलब्धि हासिल की है। झापरा क्षेत्र के निवासी किसान पुत्र बारसे रोशन ने पहले ही प्रयास में JEE एडवांस 2026 में कैटेगरी रैंक 634 हासिल कर भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) में प्रवेश का रास्ता तय कर लिया है। उनकी इस सफलता से न केवल सुकमा बल्कि पूरे प्रदेश का नाम रोशन हुआ है।

सीमित संसाधनों और कठिन परिस्थितियों के बीच पढ़ाई करने वाले बारसे रोशन की उपलब्धि को जिला प्रशासन ने भी विशेष रूप से सराहा है। तुंगल डैम में आयोजित एक सम्मान समारोह में कलेक्टर अमित कुमार ने रोशन को शाल और श्रीफल भेंटकर सम्मानित किया। इस दौरान उन्होंने घोषणा की कि रोशन की उच्च शिक्षा में आर्थिक संसाधन कभी बाधा नहीं बनेंगे। जिला प्रशासन उनकी IIT की पढ़ाई का पूरा खर्च वहन करेगा, ताकि वे बिना किसी आर्थिक चिंता के अपनी पढ़ाई पूरी कर सकें।

कलेक्टर अमित कुमार ने कहा कि सुकमा के बच्चों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। आवश्यकता केवल उन्हें उचित मार्गदर्शन और अवसर उपलब्ध कराने की है। उन्होंने कहा कि रोशन की सफलता जिले के अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा बनेगी।

बारसे रोशन की इस उपलब्धि के पीछे जिला प्रशासन द्वारा संचालित क्षितिज कोचिंग इंस्टीट्यूट की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। कलेक्टर अमित कुमार और मुख्य कार्यपालन अधिकारी मुकुंद ठाकुर के निर्देशन में संचालित यह संस्थान जिले के आदिवासी और ग्रामीण विद्यार्थियों को IIT तथा मेडिकल जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की निशुल्क तैयारी करा रहा है। जिला शिक्षा अधिकारी जी.आर. मंडावी के मार्गदर्शन और नोडल अधिकारी आशीष राम के सतत पर्यवेक्षण में संस्थान बेहतर परिणाम दे रहा है।

संस्थान के मैनेजर सूरज सिंह के नेतृत्व में तैयार किए गए अनुशासित शैक्षणिक वातावरण तथा शिक्षकों निधि चौहान, अभिषेक नाग, रजनीश पटेल और सोनम सिंह के मार्गदर्शन ने विद्यार्थियों को कठिन प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

रोशन के माता-पिता साधारण किसान हैं और खेतों में मेहनत कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। बेटे की सफलता और जिला प्रशासन की ओर से मिली सहायता की घोषणा से उनकी आंखें खुशी और गर्व से नम हो गईं। यह उपलब्धि अब सुकमा के उन हजारों विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा बन गई है, जो संसाधनों की कमी के बावजूद बड़े सपने देखने का साहस रखते हैं।

जिला प्रशासन ने रोशन सहित सभी सफल विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए विश्वास जताया है कि आने वाले वर्षों में सुकमा से और भी प्रतिभाएं निकलकर राष्ट्रीय स्तर पर जिले और प्रदेश का नाम रोशन करेंगी।

रवि शुक्ला
रवि शुक्ला

प्रधान संपादक

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