बिलासपुर। सरकारी नौकरी का सपना दिखाकर बेरोजगार युवाओं से लाखों की ठगी का मामला सामने आया है। रेलवे कॉलोनी निवासी एक युवक ने खुद को मंत्रालय में प्रभावशाली बताकर युवाओं को नौकरी का झांसा दिया और उनसे 55 लाख रुपये ऐंठ लिए। ठगी का शिकार हुए युवाओं ने जब नौकरी न मिलने पर अपने पैसे वापस मांगे, तो आरोपी ने टालमटोल करना शुरू कर दिया। आखिरकार, पीड़ितों ने सिविल लाइन थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले में भादवि की धारा 420 के तहत जुर्म दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

तखतपुर के निगारबंद निवासी दीपक राजपूत (29) ने इस धोखाधड़ी की शिकायत की है। दीपक ने बताया कि वह 2021-22 में पुलिस भर्ती की तैयारी कर रहा था। इस दौरान उसकी मुलाकात रेलवे कॉलोनी निवासी जावेद खान से हुई। जावेद ने खुद को फुटबॉल खिलाड़ी बताते हुए मंत्रालय में ऊंची पहुंच होने का दावा किया। उसने युवाओं को सरकारी विभागों में नौकरी लगवाने का आश्वासन दिया।
जावेद की बातों में आकर दीपक और उसके साथी अनीश राजपूत, सूरज, प्रताप, जगमीत सिंह, हर्षवर्धन ठाकुर, शिल्पा ठाकुर, अविनाश साहू और श्यामू कश्यप उसके घर गए। वहां जावेद ने भरोसा दिलाया कि वह सभी की सरकारी नौकरी पक्की करा देगा, लेकिन इसके लिए पैसों की जरूरत होगी। इस पर दीपक और उसके साथियों ने उसे रुपये दिए। इसके अलावा, बेमेतरा, दुर्ग, रायपुर, बलौदाबाजार समेत अन्य जिलों के बेरोजगार युवाओं ने भी जावेद को बड़ी रकम दी।लाखों रुपये लेने के बाद जावेद हर बार नौकरी लगने का आश्वासन देता रहा। जब महीनों बीत जाने के बाद भी नौकरी नहीं मिली, तो युवाओं ने अपने पैसे वापस मांगे। इस पर जावेद बहाने बनाने लगा और फोन उठाना बंद कर दिया। इसके बाद ठगी का अहसास होने पर पीड़ितों ने सिविल लाइन थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
इन्होंने दिए रुपये
दीपक राजपूत – 5 लाख
अनीश राजपूत – 8 लाख
जगमीत सिंह – 6.50 लाख
श्यामू कश्यप – 4.50 लाख
अविनाश साहू – 4 लाख
सूरज राजपूत – 5 लाख
शिल्पा ठाकुर – 4 लाख
हर्ष ठाकुर – 4 लाख
लक्ष्मी शुक्ला व सची शुक्ला – 14 लाख

Author: Ravi Shukla
Editor in chief