खरसिया में पुलिस की औचक कार्रवाई, दस्तावेज भी खंगाले; नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई
CBN36 खरसिया। स्कूली बच्चों की सुरक्षा को लेकर खरसिया पुलिस ने सख्ती शुरू कर दी है। तेज रफ्तार और लापरवाही से स्कूल वाहन चलाने की शिकायतों के बाद सोमवार को पुलिस ने सड़क पर उतरकर स्कूल वाहनों की औचक जांच की। इस दौरान वाहन चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस और जरूरी दस्तावेजों की जांच की गई। साथ ही ब्रीथ एनालाइजर के जरिए शराब सेवन की भी जांच की गई।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में जिले में सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन को लेकर अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में एसडीओपी खरसिया सतीश भार्गव के मार्गदर्शन और चौकी प्रभारी निरीक्षक त्रिनाथ त्रिपाठी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने स्कूल वाहनों की जांच की।
पुलिस को शिकायतें मिल रही थीं कि कुछ स्कूल वाहन चालक तेज गति और लापरवाही से वाहन चला रहे हैं। इससे स्कूली बच्चों की सुरक्षा पर खतरा पैदा हो सकता है। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने अचानक जांच अभियान चलाया और स्कूल वाहनों को रोककर उनकी पड़ताल की।
चालकों के दस्तावेज जांचे, ब्रीथ एनालाइजर से हुई जांच

जांच के दौरान पुलिस ने वाहन चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस सहित आवश्यक दस्तावेज देखे। इसके अलावा ब्रीथ एनालाइजर से शराब सेवन की जांच की गई। पुलिस ने चालकों को समझाइश देते हुए कहा कि बच्चों को लेकर वाहन चलाते समय निर्धारित गति सीमा का पालन करें और यातायात नियमों की अनदेखी न करें।
बच्चों की सुरक्षा में लापरवाही बर्दाश्त नहीं

पुलिस अधिकारियों ने स्कूल वाहन चालकों को स्पष्ट हिदायत दी कि वाहन में सवार बच्चों की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च जिम्मेदारी है। तेज रफ्तार, खतरनाक तरीके से वाहन चलाना या शराब के नशे में ड्राइविंग करना बच्चों की जान के लिए खतरा बन सकता है। ऐसे मामलों में पुलिस अब सख्त कार्रवाई करेगी।
पुलिस ने बताया कि स्कूल वाहनों की जांच का अभियान आगे भी जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
स्कूल प्रबंधन और अभिभावकों से भी अपील

रायगढ़ पुलिस ने स्कूल प्रबंधन, अभिभावकों और स्कूल वाहन चालकों से अपील की है कि बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दें। स्कूल वाहनों के दस्तावेज और फिटनेस की नियमित जांच कराएं। वाहन चालक वैध दस्तावेजों के साथ वाहन चलाएं और निर्धारित गति सीमा का पालन करें।
प्रधान संपादक




