
“एसएसपी शशि मोहन सिंह ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा है कि ऐसे वाहनों की जानकारी पुलिस को उपलब्ध कराएं। इसके लिए उन्होंने अपना व्हाट्सएप नंबर 9479193200 जारी किया है, जिस पर फोटो-वीडियो भेजकर सीधे शिकायत दर्ज कराई जा सकती है”
उल्लंघन करने वालों को एसएसपी ने तलब कर लगाई कड़ी फटकार, दोबारा गलती पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी

युवाओं की लापरवाही पर सख्त रुख, अभिभावकों को भी किया जवाबदेह,50 अवैध साइलेंसर नष्ट, पुलिस का संदेश कानून से खिलवाड़ नहीं चलेगा

सूचना देने वालों की मदद से तेज होगी कार्रवाई, आमजन से सहयोग की अपील
रायगढ़, 29 मार्च। शहर में बढ़ते ध्वनि प्रदूषण, स्टंटबाजी और असामाजिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से रायगढ़ पुलिस ने मॉडिफाई साइलेंसर के खिलाफ व्यापक अभियान छेड़ दिया है। तेज आवाज वाले साइलेंसर न केवल कानून का उल्लंघन हैं, बल्कि आम नागरिकों के लिए परेशानी और दुर्घटनाओं का कारण भी बन रहे हैं।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देश पर चलाए जा रहे इस अभियान में ट्रैफिक पुलिस एवं थाना स्तर की टीमें संयुक्त रूप से कार्रवाई कर रही हैं। बीते दिन डीएसपी ट्रैफिक उत्तम प्रताप सिंह के नेतृत्व में शहर के प्रमुख चौराहों पर जांच के दौरान 11 ऐसे वाहन पकड़े गए, जिनमें अवैध रूप से मॉडिफाई साइलेंसर लगाए गए थे।

एसएसपी ने ट्रैफ़िक थाने पहुँच कर पुलिस कर्मियों का मनोबल बढ़ाया और कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए ।
इन मामलों को केवल चालानी कार्रवाई तक सीमित न रखते हुए पुलिस ने एक सख्त और सामाजिक संदेश देने की पहल की। संबंधित वाहन चालकों के साथ उनके अभिभावकों को पुलिस कार्यालय बुलाकर यह स्पष्ट किया गया कि ऐसी गतिविधियां केवल व्यक्तिगत शौक नहीं, बल्कि सार्वजनिक शांति और कानून व्यवस्था के लिए खतरा हैं। दोबारा उल्लंघन पर कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
पुलिस द्वारा अब तक जब्त किए गए लगभग 50 मॉडिफाई साइलेंसर को बुलडोजर से नष्ट किया गया, जिससे यह स्पष्ट संकेत दिया गया कि अवैध संशोधन और नियमों की अनदेखी पर किसी प्रकार की ढील नहीं दी जाएगी।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा है कि ऐसे वाहनों की जानकारी पुलिस को उपलब्ध कराएं। इसके लिए उन्होंने अपना व्हाट्सएप नंबर 9479193200 जारी किया है, जिस पर फोटो/वीडियो भेजकर सीधे शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश
मॉडिफाई साइलेंसर केवल नियमों का उल्लंघन नहीं, बल्कि समाज के लिए परेशानी का कारण है। ऐसे कृत्य करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और किसी भी स्थिति में उन्हें बख्शा नहीं जाएगा।
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