वसूली के आरोप, धमकी का वीडियो और रेड का दबाव-एएसपी के कथित दबाव का वीडियो वायरल,एएसपी के नाम से सिस्टम कटघरे में
छत्तीसगढ़।पुलिस प्रशासन में सिस्टम के नाम पर अवैध वसूली और दबाव का एक गंभीर मामला सामने आया है। स्पा संचालक ने बिलासपुर में पदस्थ रहे और वर्तमान में जीपीएम जिले में पदस्थ एडिशनल एसपी राजेंद्र जायसवाल पर हर माह रकम वसूलने का दबाव बनाने का आरोप लगाते हुए आईजी रेंज से शिकायत की है। शिकायत के साथ उन्होंने एएसपी कार्यालय के भीतर हुई बातचीत का वीडियो और व्हाट्सएप कॉलिंग के स्क्रीनशॉट सौंपे हैं, जिनमें कमिटमेंट पूरी नहीं होने पर रेड और व्यवसाय ठप करने जैसी बातें कही जाती दिख रही हैं। मामले को गंभीर मानते हुए आईजी डॉ. संजीव शुक्ला ने एसएसपी बिलासपुर को सात दिन में जांच कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं।
रिंग रोड नंबर-दो निवासी लोकेश सेन ने आईजी रेंज आईपीएस संजीव शुक्ला को दी गई शिकायत में बताया कि वह महाराणा प्रताप चौक स्थित एक्वा वेलनेस प्राइवेट स्पा तथा मंगला चौक स्थित 36 मॉल में संचालित दूसरी ब्रांच का संचालन करते हैं। स्पा में कुल 14 कर्मचारी कार्यरत हैं और सभी वैधानिक नियमों के तहत व्यवसाय संचालित किया जा रहा है। इसके बावजूद स्थानीय पुलिसकर्मियों द्वारा लगातार मासिक राशि की मांग की जाती रही।
शिकायत में कहा गया है कि नियमों के अनुसार संचालन और ग्राहकों का पूरा रिकॉर्ड रखने के बावजूद पुलिसकर्मी चेकिंग के नाम पर दबाव बनाते थे। मांग पूरी नहीं होने पर कर्मचारियों और ग्राहकों के सामने अनावश्यक पूछताछ कर स्पा की छवि खराब करने का प्रयास किया गया, जिससे व्यवसाय और प्रतिष्ठा दोनों को नुकसान पहुंचा।
हालांकि लिखित शिकायत में एडिशनल एसपी का नाम लेकर सीधे पैसे लेने का आरोप नहीं लगाया गया है, लेकिन शिकायत के साथ सौंपे गए वीडियो में कथित तौर पर एडिशनल एसपी राजेंद्र जायसवाल के चेंबर की बातचीत सामने आई है। वीडियो में एडिशनल एसपी को यह कहते हुए सुना जा सकता है कि कमिटमेंट पूरी नहीं हुई तो टीम भेजकर रेड कराई जाएगी और फिर देखेंगे कितने ग्राहक आते हैं।बातचीत के दौरान मौजूद अन्य व्यक्ति भी सिस्टम फॉलो करने और तय तारीख तक काम हो जाने की बात कहते नजर आते हैं।
स्पा संचालक अमन सेन का कहना है कि यह वीडियो 12 दिसंबर का है। उन्होंने शिकायत के साथ एडिशनल एसपी से व्हाट्सएप कॉल पर कई बार हुई बातचीत के स्क्रीनशॉट भी दिए हैं। उनका आरोप है कि दिसंबर के बाद पुलिस को मंथली राशि देना बंद करने पर 6 जनवरी को स्पा सेंटर में छापा मारा गया। इस दौरान उनके भाइयों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई कर रातभर थाने में रखा गया और अगले दिन न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया। यह कार्रवाई एएसपी के ट्रांसफर के बाद की बताई जा रही है।
एसएसपी रजनेश सिंह करेंगे जांच

आईजी रेंज आईपीएस डॉ. संजीव शुक्ला ने शिकायत को संज्ञान में लेते हुए एसएसपी रजनेश सिंह को दिए निर्देश में कहा है कि स्पा संचालक द्वारा प्रस्तुत वीडियो पेन ड्राइव और लिखित आवेदन में मासिक रकम न देने पर बिना कारण चेकिंग व व्यवसाय को बदनाम करने के आरोप लगाए गए हैं। पूरे प्रकरण की गंभीरता से जांच कर सात दिन के भीतर जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत किया जाए।
यह मामला सामने आने के बाद एएसपी की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। अब सभी की निगाहें जांच पर टिकी हैं कि आरोपों की सच्चाई क्या है और दोषी पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों व कर्मचारियों पर क्या कार्रवाई होती है।
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