चुनाव आयोग के अभियान पर केंद्रीय विश्वविद्यालय ने अटकाया रोड़ा छात्रावास की लड़कियों को मतदान से रोका,विवाद के चलते मतदान के ठीक एक दिन पहले जबरिया दे दी छुट्टी,छात्रावास खाली करने का सुनाया फरमान

 

बिलासपुर।जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष विजय केशरवानी ने गुरुघासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय प्रबंधन पर छात्रावास की लड़कियों को मताधिकार के प्रयोग से रोकने का आरोप लगाते हुए पूरे मामले की जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। जिलाध्यक्ष केशरवानी ने इस संबंध में कलेक्टर व जिला निर्वाचन अधिकारी को पत्र लिखकर मामले की जांच की मांग की है।
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष विजय केशरवानी ने कहा है कि जिस केंद्रीय विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए हम बिलासपुरवासियों ने कड़ी मेहनत की,स्थापना के बाद हम सबकी यही इच्छा रही है कि छत्तीसगढ़ के दूरस्थ वनांचलों में रहने वाले आदिवासी व प्रदेश के बच्चों को उच्च शिक्षा मिले और करियर को ऊंची उड़ान दे। बिलासपुरवासियों के सपने को विश्विवद्यालय प्रबंधन ने धूमिल कर दिया है। विश्वविद्यालय राजनीति का अखाड़ा बन गया है। अव्यवस्था और कुप्रबंधन के कारण अकादमिक स्तर पर पलीता लग रहा है। दुख की बात ये कि सात मई को लोकसभा चुनाव के लिए मतदान की तिथि तय की गई थी। मतदान के ठीक पहले छात्रावास में रहने वाली लड़कियों ने इस बात को लेकर विरोध दर्ज कराई थी कि जिला प्रशासन की देखरेख में विश्वविद्यालय में हुए स्वीप कार्यक्रम में भाग लेने से रोक दिया था। देर रात हंगामा हुआ और फिर मामले की जांच का आश्वासन दिया गया। विवाद को देखते हुए छह मई को हास्टल खाली करने का फरमान जारी कर दिया। इसके चलते सात मई को अधिकांश लड़कियां मतदान नहीं कर पाई।
श्री केशरवानी ने कहा छात्राओं ने सात मई को मतदान करने की बात कही तो परिजनों को वार्डन ने फोन कर बेटियों को घर ले जाने का दबाव बनाया। हम इस प्रकार की गतिविधियों को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेंगे। कांग्रेस ने फैसला किया है कि लोकसभा चुनाव में मतदान और राष्ट्र निर्माण में बढ़ने वाले हाथों को रोकने वालों को करारा जवाब देंगे। ये सब किसके इशारे पर किया गया इसका भी पता लगाएंगे ।वैसे भी केंद्रीय विश्व विद्यालय प्रबंधन  किसके दबाव में चलता है यह किसी से छिपा नहीं है।

रवि शुक्ला . निर्मल माणिक

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

छत्तीसगढ़ी साहित्य में डॉ. पालेश्वर प्रसाद शर्मा के  योगदान  को लेकर श्रीमती साधना शर्मा की वार्ता का प्रसारण आकाशवाणी बिलासपुर में आज शाम 5.05 बजे 

Tue May 14 , 2024
  छत्तीसगढ़ी साहित्य के आधुनिक रुप सन् 1900 से माने जाथे फेर दूसर उन्मेष काल सन् 1955 से वि‌द्वान मन स्वीकार करर्थे । तभो कहे च बर परही के छत्तीसगढ़ी भाषा में रायपुर अंचल के शब्द मन के जोर रहिस। अइसन समय में बिलासपुर के डॉ. पालेश्वर प्रसाद शर्मा ध्वन्यात्मक […]

You May Like

Breaking News